खुशीयो की ये रात
खुशीयो की ये रात है तारों की बरात बेतलेहेम के गाऊ में, यीशु आया आज रात अकेली सुनसान थी, चरवाहे सो रहे थे-2 जैसे चमका रोशनी डर के वे जागे-2 डरो नही सुनो षुभ सन्देश आज दाउद के नगर में उद्धार करता जन्मा है सुन फरिष्तों की जुबान गायं चरवाहे करने को दर्शन मरियम के लाइले को तारा ने आग्या पाया जो, जाकर … Continue reading खुशीयो की ये रात
