चट्टान पर बुद्धिमान ने बनाया (Chaṭṭan par buddhiman)
चट्टान पर बुद्धिमान ने बनाया अपना घर; (3)और ज़ोर की बारिश आई,ज़ोर की बारिश आई, और तूफान भी उठा ; (3)पर बुद्धिमान का घर स्थिर रहा बालू पर मूर्ख ने बनाया अपना घर ; (3)और ज़ोर की बारिश आई,ज़ोर की बारिश आई, और तूफान भी उठा ; (3)और मूर्ख का घर गिर गया लड़के लड़कियों गर स्वर्ग जाना चाहो (3)अपने दिल में यीशु को आने … Continue reading चट्टान पर बुद्धिमान ने बनाया (Chaṭṭan par buddhiman)
